सड़क पर महिलाएं, तपती दोपहर में पानी की मांग- प्यास बुझाए प्रशासन?
आगरा, 44 डिग्री तापमान में भीषण गर्मी और तपती दोपहर के बीच पानी की समस्या को लेकर आगरा की महिलाओं का गुस्सा फूट पड़ा। शहर के छीपीटोला क्षेत्र में बुधवार को दर्जनों महिलाएं खाली बर्तन लेकर सड़क पर बैठ गईं और जाम लगाकर नगर निगम तथा जलकल विभाग के खिलाफ प्रदर्शन किया। महिलाओं का आरोप है कि क्षेत्र के कई मोहल्ले पिछले करीब चार वर्षों से पेयजल संकट से जूझ रहे हैं। गर्मी में पानी की किल्लत से कई जानें चली गईं हैं, लेकिन जिम्मेदार विभागों ने अब तक स्थायी समाधान नहीं किया है। प्रदर्शनकारी महिलाओं का कहना था कि गर्मी के मौसम में स्थिति और गंभीर हो जाती है। मोहल्ले के दर्जनों घरों में सुबह से शाम तक पानी नहीं पहुंचता, जिससे घरेलू कामकाज के साथ बच्चों और बुजुर्गों को भी परेशानी उठानी पड़ती है। भीषण गर्मी में पानी खरीद कर रोजमर्रा के काम किए जाते हैं।
क्षेत्र में सरकारी हैंडपंप भी खराब पड़े हुए हैं। इलाके में न तो सरकारी सबमर्सिबल है और न ही कोई पानी के सरकारी टैंकर आते हैं। पिछले 4 वर्षों से इस समस्या से दर्जनों परिवार जूझ रहे हैं। कई बार शिकायत की, लेकिन अधिकारी सिर्फ आश्वासन देकर चले जाते हैं। क्षेत्रीय पार्षद भी उनकी सुनवाई नहीं करते हैं। बिन पानी के बीमार बच्चे भीषण गर्मी झेल नहीं पाते हैं। प्रदर्शन की सूचना मिलते ही मौके पर जीएम जलकल संघ भूषण पहुंचे। उन्होंने प्रदर्शन कर रहे लोगों और महिलाओं को समझाया। इसके साथ ही उन्होंने बताया कि अधिक ऊंचाई होने के कारण पानी की सप्लाई घरों तक नहीं पहुंच पा रही है। इसके लिए विभाग वाल्व लगाकर समाधान करेगा।

