चेंबूर की दर्दनाक त्रासदी : एक मासूम की मौत ने झकझोर दिया मुंबई!
बारिश नहीं, लापरवाही बनी मौत का कारण?
चेंबूर। मुंबई के चेंबूर में मूसलाधार बारिश के दौरान एक स्कूल बस पर विशाल पेड़ गिरने से एक मासूम छात्र की असमय मृत्यु हो गई। कई अन्य बच्चे घायल हुए हैं, जिनका उपचार विभिन्न अस्पतालों में चल रहा है। यह घटना केवल एक दुर्घटना नहीं, बल्कि महानगर की सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े करती है। हर वर्ष मानसून आने से पहले प्रशासन द्वारा पेड़ों के सर्वेक्षण, उनकी छंटाई और जर्जर पेड़ों को हटाने के दावे किए जाते हैं। इसके बावजूद यदि एक विशाल वृक्ष स्कूल बस पर गिर जाता है और एक मासूम की जान चली जाती है, तो यह व्यवस्था की गंभीर विफलता मानी जाएगी। बच्चों की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता होनी चाहिए, क्योंकि वे देश का भविष्य हैं। अब समय आ गया है कि केवल जांच समिति बनाकर औपचारिकता पूरी न की जाए, बल्कि पूरे मुंबई महानगर में पुराने और खतरनाक पेड़ों का वैज्ञानिक सर्वेक्षण कर तत्काल आवश्यक कार्रवाई की जाए। स्कूलों के आसपास, बस मार्गों और भीड़भाड़ वाले क्षेत्रों में विशेष सुरक्षा व्यवस्था सुनिश्चित की जानी चाहिए। दोषी पाए जाने वाले अधिकारियों एवं संबंधित एजेंसियों की जवाबदेही भी तय होनी चाहिए।
यह घटना प्रत्येक नागरिक को भी सावधान रहने का संदेश देती है। भारी वर्षा के दौरान बड़े पेड़ों, जर्जर दीवारों और बिजली के खंभों के समीप अनावश्यक रूप से रुकने से बचना चाहिए तथा प्रशासन द्वारा जारी सुरक्षा निर्देशों का पालन करना चाहिए। इस हृदयविदारक अवसर पर दिवंगत छात्र को विनम्र श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए हम ईश्वर से प्रार्थना करते हैं कि वे शोकाकुल परिवार को इस असहनीय दुःख को सहने की शक्ति प्रदान करें। दुर्घटना में घायल सभी बच्चों एवं अन्य लोगों के शीघ्र पूर्ण स्वस्थ होने की कामना करते हैं। एक मासूम की जान वापस नहीं लाई जा सकती, लेकिन यदि इस घटना से सबक लेकर व्यवस्था में सुधार किया जाए, तो भविष्य में अनेक अनमोल जीवन अवश्य बचाए जा सकते हैं। यही उस मासूम के प्रति हमारी सच्ची श्रद्धांजलि होगी।
.. कौशल विनोद पाठक

